Jaipur Pachpadra Expressway: राजस्थान की सड़क यातायात व्यवस्था में बड़ा बदलाव आने वाला है. जयपुर–Pachpadra और Bikaner–Kotputli एक्सप्रेसवे प्रोजेक्ट्स अब राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के हाथों में सौंप दिए गए हैं. इन हाईवे प्रोजेक्ट्स के पूरा होने के बाद न केवल राजस्थान की आंतरिक कनेक्टिविटी मजबूत होगी बल्कि देशभर के औद्योगिक कॉरिडोर और मेट्रो शहरों तक पहुंच आसान हो जाएगी. यह कदम प्रदेश की अर्थव्यवस्था, पर्यटन और इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट में गेमचेंजर साबित होने वाला है.

जयपुर–Pachpadra एक्सप्रेसवे का महत्व
जयपुर–Pachpadra एक्सप्रेसवे का सबसे बड़ा फायदा राजस्थान के तेल रिफाइनरी प्रोजेक्ट को मिलेगा. Pachpadra में बन रही HPCL–Rajasthan Refinery Limited (HRRL) को सीधे राजधानी जयपुर से जोड़ा जाएगा. इसके अलावा यह एक्सप्रेसवे राजस्थान के पश्चिमी हिस्से को उत्तर और पूर्व के बाजारों से जोड़ेगा, जिससे व्यापारिक गतिविधियां तेज होंगी. रिफाइनरी के साथ-साथ पेट्रोकेमिकल हब को भी तेज़ गति से ट्रांसपोर्ट सुविधा उपलब्ध होगी.
Bikaner–Kotputli एक्सप्रेसवे का रोल
Bikaner–Kotputli एक्सप्रेसवे पश्चिमी राजस्थान को दिल्ली–मुम्बई कॉरिडोर से जोड़ने में अहम भूमिका निभाएगा. यह रूट राजस्थान के किसानों और उद्योगपतियों के लिए वरदान साबित होगा, क्योंकि इससे ट्रांसपोर्ट समय कम होगा और माल ढुलाई की लागत घटेगी. साथ ही यह एक्सप्रेसवे उत्तर भारत और पश्चिम भारत के बीच सबसे तेज़ कनेक्शन उपलब्ध कराएगा.
हाईवे नेटवर्क में क्रांतिकारी बदलाव
दोनों प्रोजेक्ट्स के पूरा होने के बाद राजस्थान का हाईवे नेटवर्क पूरी तरह बदल जाएगा. यह सिर्फ यात्रा का समय कम नहीं करेंगे बल्कि पर्यटन, व्यापार और इंडस्ट्रियल इन्वेस्टमेंट को भी बढ़ावा देंगे. जयपुर से लेकर जैसलमेर और बीकानेर तक सफर और भी आरामदायक और तेज़ हो जाएगा. इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्रों को भी हाईवे कनेक्टिविटी मिलेगी, जिससे लोकल मार्केट्स को राष्ट्रीय स्तर पर पहुंच मिलेगी.